उत्तराखंड के दुर्गम हिमालयी क्षेत्र स्थित पंचकेदारों में से एक मदमहेश्वर धाम में एक श्रद्धालु की तबीयत अचानक बिगड़ने से हड़कंप मच गया। यात्रा के दौरान युवक को दो बार हार्ट अटैक आने की सूचना मिलने पर जिला प्रशासन ने तत्परता दिखाते हुए तत्काल एयर रेस्क्यू अभियान चलाया और उसकी जान बचाने के लिए हेलीकॉप्टर के माध्यम से सुरक्षित अस्पताल पहुंचाया।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, शिवा पुत्र कुलदीप सिंह (30 वर्ष) मदमहेश्वर यात्रा पर आए हुए थे। यात्रा के दौरान उनकी तबीयत अचानक खराब हो गई। स्थिति लगातार गंभीर होती चली गई और उन्हें दो बार हार्ट अटैक आने की सूचना मिली। समुद्र तल से हजारों फीट की ऊंचाई पर स्थित मदमहेश्वर क्षेत्र में सीमित चिकित्सा सुविधाएं और सड़क संपर्क न होने के कारण मामला बेहद संवेदनशील बन गया।
सूचना मिलते ही जिला प्रशासन रुद्रप्रयाग, स्वास्थ्य विभाग और आपदा प्रबंधन की टीम सक्रिय हो गई। मरीज की गंभीर स्थिति को देखते हुए तत्काल एयर रेस्क्यू का निर्णय लिया गया। प्रशासन ने हेलीकॉप्टर की व्यवस्था कर युवक को मदमहेश्वर क्षेत्र से सुरक्षित रेस्क्यू कर जिला चिकित्सालय रुद्रप्रयाग पहुंचाया।
अस्पताल पहुंचने पर चिकित्सकों की टीम ने तुरंत उपचार शुरू किया। फिलहाल मरीज विशेषज्ञ डॉक्टरों की निगरानी में भर्ती है और उसकी स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है। डॉक्टरों के अनुसार समय पर एयरलिफ्ट किए जाने से मरीज को जीवनदान मिलने की संभावना बढ़ गई है।
जिला प्रशासन ने बताया कि चारधाम और उच्च हिमालयी क्षेत्रों में यात्रा के दौरान स्वास्थ्य संबंधी आपात स्थितियों से निपटने के लिए सभी व्यवस्थाएं सक्रिय रखी गई हैं। प्रशासन, स्वास्थ्य विभाग और आपदा प्रबंधन इकाइयों के बेहतर समन्वय के कारण गंभीर मरीज को समय रहते उपचार उपलब्ध कराया जा सका।
प्रशासन ने यात्रियों से अपील की है कि ऊंचाई वाले धार्मिक स्थलों की यात्रा पर जाने से पहले स्वास्थ्य जांच अवश्य कराएं और किसी भी प्रकार की स्वास्थ्य समस्या होने पर तुरंत स्थानीय प्रशासन या चिकित्सा टीम को सूचना दें, ताकि समय पर सहायता उपलब्ध कराई जा सके।
