देहरादून, 19 मार्च 2026। जिले में एलपीजी गैस की कालाबाजारी रोकने और शत-प्रतिशत होम डिलीवरी सुनिश्चित करने के लिए जिला प्रशासन लगातार सख्त कार्रवाई कर रहा है। जिलाधिकारी सविन बंसल के निर्देशों पर गठित क्यूआरटी (क्विक रिस्पॉन्स टीम) द्वारा लगातार निरीक्षण अभियान चलाया जा रहा है।
इसी क्रम में सहस्त्रधारा क्षेत्र में कार्रवाई करते हुए विभिन्न होटल और ढाबों से 15 घरेलू गैस सिलेंडर जब्त किए गए। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि घरेलू सिलेंडरों का व्यावसायिक उपयोग पूरी तरह प्रतिबंधित है और इस तरह के मामलों में सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
प्रशासन ने बताया कि होम डिलीवरी के तहत भेजे गए करीब 200 सिलेंडर उपभोक्ताओं के पास खाली सिलेंडर न होने के कारण वापस एजेंसियों को लौटाने पड़े। कई उपभोक्ताओं ने घबराहट में पहले से सिलेंडर होने के बावजूद बुकिंग कर दी थी, जिसके चलते यह स्थिति बनी। प्रशासन ने कहा कि जैसे ही उपभोक्ताओं के सिलेंडर खाली होंगे, उन्हें दोबारा होम डिलीवरी के जरिए गैस उपलब्ध करा दी जाएगी।
अब तक क्यूआरटी टीम द्वारा जिले में 415 औचक निरीक्षण किए जा चुके हैं। साथ ही गैस कालाबाजारी के मामलों में 5 मुकदमे दर्ज किए गए हैं, जिनमें 3 आरोपियों को जेल भेजा जा चुका है। कार्रवाई के दौरान 150 घरेलू, 139 व्यावसायिक और 7 छोटे सिलेंडर भी जब्त किए गए हैं। इन सख्त कदमों के बाद कालाबाजारी करने वालों में भय का माहौल है।
जिला प्रशासन ने यह भी बताया कि उपभोक्ताओं को अब ओटीपी आधारित प्रणाली से गैस की होम डिलीवरी की जा रही है, जिससे पारदर्शिता सुनिश्चित हो सके।
कंट्रोल रूम में अब तक गैस आपूर्ति को लेकर 35 शिकायतें दर्ज हुई हैं, जिन पर त्वरित कार्रवाई की जा रही है। आज जिले में करीब 19,138 घरेलू और 201 व्यावसायिक सिलेंडरों की आपूर्ति की गई है। हालांकि, घरेलू गैस का बैकलॉग करीब 94 हजार तक पहुंच गया है।
बैकलॉग बढ़ने के कारणों पर प्रशासन ने बताया कि हाल ही में तीन दिन तक गैस बुकिंग सॉफ्टवेयर में तकनीकी समस्या आने के कारण मैन्युअल एंट्री की गई थी, जिनकी ऑनलाइन अपडेटिंग अभी बाकी है। इसके अलावा, शहरी क्षेत्रों में डिलीवरी समय 25 दिन और ग्रामीण क्षेत्रों में 45 दिन किए जाने से भी बैकलॉग अधिक दिखाई दे रहा है।
प्रशासन का कहना है कि जिले में एलपीजी का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है और आपूर्ति को सामान्य करने के लिए तेल कंपनियों द्वारा लगातार लोड बढ़ाया जा रहा है।
